Search This Blog

Loading...

Tuesday, 29 October 2013

महालक्ष्मी

- जब कोई व्यक्ति अकर्मण्य, नास्तिक, वर्णसंकर, कृतघ्न, दुराचारी, क्रूर, चोर तथा गुरुजनों के दोष देखने वाला हो जाता है, तब चाहे वह कितना ही धनी क्यों न हो, जल्दी ही निर्धन हो जाता है।
- जब कोई व्यक्ति मन में दूसरा भाव रखते हैं और ऊपर कुछ और ही दिखाते हैं। उन्हें लक्ष्मी की कृपा प्राप्त नहीं होती।
- जब कोई स्त्री अपने घर को साफ और व्यवस्थित नहीं रखती और दूसरों की बुराई आदि करने में लिप्त रहती है। उनके घर से भी लक्ष्मी चली जाती हैं।
- जो स्त्री पति के प्रतिकूल बोलती हैं और दूसरों के घरों में घूमती-फिरती हैं। उन स्त्रियों के घर से लक्ष्मी चली जाती हैं।
- जो व्यक्ति अधार्मिक कार्यों में फंस जाता है। उसे लक्ष्मी त्याग देती है।

की कृपा के लिए यह उपाय करें-
- प्रतिदिन किसी भी शिवलिंग पर पूरी श्रद्धा से जल चढ़ाएं।
- प्रतिदिन शिवलिंग पर बिल्वपत्र चढ़ाएं।
- रोज रात के समय शिवजी के समक्ष दीपक जलाएं।
- अधार्मिक कार्यों से खूद को दूर रखें।
- पीपल पर जल चढ़ाएं और सात परिक्रमा प्रतिदिन करें।
- महालक्ष्मी पति श्री विष्णु का पूजन करें।

1 comment:

  1. एक परम दिव्य तत्व के तीन भाग ( ब्र्ह्मा, विष्णु, शिव ) का अंतिम भाग है भगवान शिव. महादेव शिव के गुण एवं उनकी अद्भुत महिमा अपरम्पार एवं अनन्त है. यदि हम सरल शब्दों में कहे तो भगवान शिव अव्यक्त एवं अनन्त स्वरूप के देवता है तथा उनके गुणों एवं महिमा की गिनती हम साधारण मनुष्यो के बस की बात नहीं .
    स्वयं शास्त्रों में लिखी एक बात भगवान शिव के गुणों की अनन्ता को प्रदर्शित करती है. जिसके अनुसार यदि पर्वत जितना काजल लेकर, समुद्र रूपी दवात में रखे तथा कल्पवृक्ष को कलम बनाकर पृथ्वी रूपी कागज में स्वयं ज्ञान की देवी सरस्वती शिव के गुणों को लिखना प्रारम्भ करें तो भी भगवान शिव के गुणों एवं उनकी महिमा की गाथा का अंत नहीं होगा.

    महादेव शिव के ऐसे ही गुणगान से जुडा उनका एक नाम बहुत ही अद्भुत एवं प्रभावकारी माना जाता है. यह नाम विशेषकर सावन के महीने भगवान शिव के हर भक्त के मुंह में होता है. भगवान शिव का वह पावन नाम है ”हर”. भगवान शिव के सभी भक्त हर हर महदेव का जयकार करते है.

    बहुत ही महत्वपूर्ण है भगवान शिव से जुड़े यह सात रहस्य !

    ReplyDelete