ऊँ ऐं ह्रीं श्रीं क्लीं दरिद्रय विनाशके जगत्प्रसूत्यै नम:
इस मंत्र को सिद्ध करने के लिए दीपावली के दिन ब्रह्म मुहूर्त में उठें, सभी आवश्यक कार्यों से निवृत्त हो जाएं। फिर घर में किसी पवित्र स्थान पर महालक्ष्मी का चित्र स्थापित करें। चित्र के समक्ष घी का दीपक, अगरबत्ती आदि लगाएं। मां लक्ष्मी के सामने बैठकर उक्त मंत्र की 11 मालाएं जपें। माला कमलगट्टे की होनी चाहिए। मंत्र जप के समय दीपक जलता रहना चाहिए।
दीपावली के दिन 11 मालाएं जप करने के बाद प्रतिदिन अपने सामथ्र्य के अनुसार इस मंत्र का जप करें। 12 लाख मंत्र जप के बाद यह सिद्ध हो जाता है और देवी लक्ष्मी का आशीर्वाद साधक को प्राप्त हो जाता है। इसका शुभ प्रभाव कुछ दिनों में दिखाई देने लगेगा। इस दौरान किसी भी प्रकार का अधार्मिक कृत्य ना करें। अन्यथा मंत्र लाभदायक नहीं होगा।
No comments:
Post a Comment